हिंदी साहित्य परिषद की छात्राओं की उल्लेखनीय साहित्यिक सहभागिता, 31 जुलाई 2026
मुंशी प्रेमचंद की जयंती के अवसर पर अखिल भारतीय प्रगतिशील लेखक संघ, हिमाचल प्रदेश द्वारा 31 जुलाई 2026 को गेयटी थिएटर, सम्मेलन कक्ष, शिमला में एक गरिमामय साहित्यिक कार्यक्रम आयोजित किया गया। “वर्तमान समय में प्रेमचंद साहित्य की प्रासंगिकता” विषय पर विचार-विमर्श तथा बहुभाषी काव्य-पाठ आयोजित किया गया।
इस अवसर पर डॉ. सुधीर सोनी (जयपुर), डॉ. प्रेम साहिल (देहरादून), डॉ. कैलाश चंद सैनी (जयपुर), डॉ. हेमराज कौशिक, डॉ. मीनाक्षी पॉल एवं डॉ. उषा बंदे सहित हिमाचल के अन्य प्रतिष्ठित साहित्यकारों ने विभिन्न सत्रों में अपने विचार एवं रचनाएँ प्रस्तुत कीं।
इस अवसर पर हिंदी साहित्य परिषद की बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्राओं आंचल, पार्वती, अक्षिका एवं श्वेता ने डॉ. निशा चौहान, सहायक आचार्य, हिंदी विभाग के मार्गदर्शन में अपनी स्वरचित कविताओं का भावपूर्ण एवं प्रभावशाली पाठ किया। विशेष उल्लेखनीय है कि इस गरिमामय आयोजन में ये चारों छात्राएँ ही एकमात्र छात्राएँ थीं, जबकि अन्य सभी उपस्थित विशिष्टजन प्रतिष्ठित एवं वरिष्ठ साहित्यकार थे। ऐसे विशिष्ट साहित्यिक मंच पर अपनी रचनात्मक प्रतिभा प्रस्तुत करना उनके लिए अत्यंत गौरवपूर्ण उपलब्धि रही।
इस अवसर पर छात्राओं को हिमाचल के वरिष्ठ साहित्यकार राजेंद्र राजन की पुस्तक “कागज़ की नाव” समीक्षा हेतु प्रदान की गई। छात्राएँ पुस्तक का अध्ययन कर उसकी समीक्षा तैयार करेंगी, जिसे किसी साहित्यिक पत्रिका/प्रकाशन में प्रकाशित किया जाएगा। इससे उन्हें पुस्तक-समीक्षा एवं आलोचनात्मक लेखन का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होगा।
इस साहित्यिक सहभागिता से छात्राओं को प्रतिष्ठित साहित्यकारों के विचारों एवं साहित्यिक विमर्श से परिचित होने का अवसर मिला, जिससे उनके साहित्यिक ज्ञान, आलोचनात्मक चिंतन, वाचन-कौशल, मंचीय प्रस्तुतीकरण एवं आत्मविश्वास को नई दिशा मिली।